हरिद्वार के कनखल में पुलिस ने अकेले रह रहे वरिष्ठ नागरिकों से घर-घर संपर्क कर उनकी कुशलक्षेम जानी। पुलिस ने जरूरत पड़ने पर सहायता का भरोसा दिया।
रिपोर्टर (अमन खान)
हरिद्वार। हरिद्वार में अकेले रह रहे वरिष्ठ नागरिकों की सुरक्षा और उनकी कुशलता को लेकर पुलिस ने मानवीय पहल शुरू की है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक हरिद्वार के निर्देशों के क्रम में कनखल क्षेत्र में पुलिसकर्मियों ने एकल निवास कर रहे वरिष्ठ नागरिकों के घर-घर पहुंचकर उनकी कुशलक्षेम जानी और उनकी समस्याओं के बारे में जानकारी ली। पुलिस की इस पहल का उद्देश्य ऐसे बुजुर्गों को समय पर सहायता उपलब्ध कराना है, जिनके बच्चे नौकरी या अन्य कारणों से देश-विदेश में रहते हैं और वे अपने घरों में अकेले रह रहे हैं।
पुलिस की ओर से बताया गया कि थाना क्षेत्र में ऐसे वरिष्ठ नागरिकों की जानकारी जुटाकर उनका रिकॉर्ड तैयार किया जा रहा है। इसके बाद जरूरत के अनुसार पुलिस द्वारा लगातार संपर्क और निगरानी रखी जा रही है, ताकि किसी भी आपात स्थिति या परेशानी की जानकारी मिलने पर समय रहते सहायता उपलब्ध कराई जा सके। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक हरिद्वार की ओर से सभी थाना प्रभारियों को अपने-अपने थाना क्षेत्रों में अकेले रह रहे वरिष्ठ नागरिकों की जानकारी रखने और उनकी कुशलक्षेम पर ध्यान देने के निर्देश दिए गए हैं। इसी क्रम में कनखल पुलिस ने क्षेत्र में रहने वाले ऐसे बुजुर्गों से संपर्क शुरू किया है, जिनके परिवार के सदस्य उनके साथ नहीं रहते।
पुलिस के अनुसार, कई परिवारों में बच्चे रोजगार, व्यवसाय या अन्य कार्यों के कारण दूसरे शहरों अथवा विदेशों में रहते हैं। ऐसे में उम्रदराज माता-पिता अपने घर पर अकेले रह जाते हैं। किसी बीमारी, आकस्मिक परिस्थिति या अन्य आवश्यकता के समय उन्हें तत्काल सहायता की जरूरत पड़ सकती है। इसी आवश्यकता को देखते हुए पुलिस द्वारा ऐसे वरिष्ठ नागरिकों का विवरण थाना स्तर पर दर्ज किया जा रहा है। पुलिस का प्रयास है कि जरूरत पड़ने पर संबंधित बुजुर्गों तक जल्द से जल्द मदद पहुंचाई जा सके।
कनखल क्षेत्र में पुलिसकर्मियों ने वरिष्ठ नागरिकों के घर जाकर उनसे बातचीत की। इस दौरान उनकी दैनिक जरूरतों, सुरक्षा और किसी प्रकार की परेशानी के संबंध में जानकारी ली गई। पुलिस ने बुजुर्गों को भरोसा दिलाया कि किसी भी समस्या की स्थिति में वे पुलिस से संपर्क कर सकते हैं। घर पहुंची पुलिस टीम ने वरिष्ठ नागरिकों से उनके संपर्क नंबर और आवश्यक जानकारी भी जुटाई, ताकि जरूरत पड़ने पर उनसे संपर्क बनाए रखा जा सके। इस पहल के तहत पुलिस का उद्देश्य केवल सुरक्षा व्यवस्था तक सीमित नहीं है, बल्कि अकेले रह रहे बुजुर्गों को आवश्यकता के समय सहयोग उपलब्ध कराना भी है। पुलिस की इस पहल से वरिष्ठ नागरिकों में सुरक्षा की भावना मजबूत होने की उम्मीद है। खासतौर पर वे बुजुर्ग जिनके बच्चे उनसे दूर रहते हैं, उनके लिए स्थानीय स्तर पर किसी भरोसेमंद सहायता व्यवस्था का होना महत्वपूर्ण माना जाता है।
बुजुर्गों ने पुलिस की पहल की सराहना की
कनखल क्षेत्र में पुलिस के इस प्रयास को वरिष्ठ नागरिकों की ओर से सकारात्मक प्रतिक्रिया मिली। पुलिसकर्मियों के घर पहुंचने पर कई बुजुर्ग भावुक भी नजर आए। उन्होंने कहा कि बच्चों के दूर रहने के कारण वे कई बार स्वयं को अकेला महसूस करते हैं, ऐसे में पुलिस का घर आकर हालचाल पूछना उन्हें भरोसा देता है। वरिष्ठ नागरिकों ने पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों की इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि पुलिस की ओर से समय-समय पर संपर्क बनाए रखने से उन्हें यह महसूस होता है कि जरूरत के समय उनके साथ सहायता के लिए कोई मौजूद है।
एक बुजुर्ग की ओर से पुलिस टीम के सामने भावनात्मक प्रतिक्रिया भी सामने आई। उन्होंने कहा कि वे अकेले रहते हैं, लेकिन पुलिस को अपने घर पर देखकर उन्हें महसूस हुआ कि उनकी भी किसी को चिंता है। हरिद्वार पुलिस के अनुसार, कनखल क्षेत्र में अकेले रह रहे वरिष्ठ नागरिकों का थाना स्तर पर रिकॉर्ड तैयार किया गया है। इसमें ऐसे लोगों को शामिल किया जा रहा है जिनकी उम्र लगभग 60 वर्ष या उससे अधिक है और जो अपने घर में अकेले रहते हैं।
इस रिकॉर्ड के माध्यम से पुलिस को क्षेत्र में रहने वाले वरिष्ठ नागरिकों की जानकारी उपलब्ध रहेगी। आवश्यकता पड़ने पर पुलिस उनसे संपर्क कर सकेगी और किसी घटना या आपात स्थिति की सूचना मिलने पर संबंधित व्यक्ति तक शीघ्र पहुंचने में मदद मिलेगी। पुलिस का कहना है कि वरिष्ठ नागरिकों से संबंधित किसी भी समस्या को गंभीरता से लिया जाएगा। यदि किसी बुजुर्ग को सुरक्षा, स्वास्थ्य संबंधी आपात स्थिति या अन्य सहायता की आवश्यकता होती है तो स्थानीय स्तर पर उपलब्ध संसाधनों के माध्यम से आवश्यक मदद पहुंचाने का प्रयास किया जाएगा।
पुलिस द्वारा वरिष्ठ नागरिकों के साथ नियमित संपर्क बनाए रखने पर जोर दिया जा रहा है। इसका उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि लंबे समय तक अकेले रहने वाले किसी बुजुर्ग की समस्या प्रशासन या पुलिस की जानकारी से बाहर न रहे। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, समय-समय पर कुशलक्षेम पूछने और संपर्क में रहने से बुजुर्गों की समस्याओं को शुरुआती स्तर पर ही समझने में मदद मिल सकती है। यदि किसी वरिष्ठ नागरिक को किसी प्रकार की परेशानी होती है तो उसकी जानकारी मिलने पर संबंधित स्तर पर कार्रवाई की जा सकती है।
इस व्यवस्था में थाना पुलिस स्थानीय परिस्थितियों के अनुसार वरिष्ठ नागरिकों से संपर्क बनाए रखेगी। आवश्यकता के अनुसार उनके परिवार के सदस्यों से भी संपर्क किया जा सकता है, ताकि किसी विशेष परिस्थिति में समन्वय स्थापित किया जा सके। पुलिस की ओर से बताया गया कि जिस तरह कोरोना संक्रमण के दौरान जरूरतमंद और अकेले रह रहे लोगों की कुशलक्षेम जानने तथा आवश्यक सहायता पहुंचाने के प्रयास किए गए थे, उसी भावना के साथ वरिष्ठ नागरिकों पर ध्यान दिया जा रहा है।
हालांकि वर्तमान ल का मुख्य उद्देश्य अकेले निवास कर रहे वरिष्ठ नागरिकों की सुरक्षा और सहायता सुनिश्चित करना है। पुलिस का प्रयास है कि ऐसे बुजुर्गों को जरूरत के समय स्थानीय स्तर पर सहायता मिल सके और वे स्वयं को अपहसहाय महसूस न करें। कनखल क्षेत्र में शुरू की गई यह पहल पुलिस और आम नागरिकों के बीच विश्वास को मजबूत करने की दिशा में भी महत्वपूर्ण मानी जा रही है। वरिष्ठ नागरिकों से सीधे संपर्क कर उनकी जरूरतों को समझने से पुलिस को स्थानीय स्तर की समस्याओं की जानकारी भी मिलती है।
आज के समय में रोजगार और अन्य कारणों से परिवार के सदस्यों का अलग-अलग शहरों या देशों में रहना सामान्य हो गया है। इसका एक प्रभाव यह भी है कि कई वरिष्ठ नागरिक अपने घरों में अकेले रह रहे हैं। ऐसे लोगों के लिए पुलिस की ओर से समय-समय पर कुशलक्षेम पूछना और जरूरत पड़ने पर सहायता उपलब्ध कराने का प्रयास महत्वपूर्ण हो सकता है। खासकर आपात स्थिति में स्थानीय स्तर पर किसी जिम्मेदार संस्था का संपर्क में होना बुजुर्गों के लिए उपयोगी साबित हो सकता है।
हरिद्वार जैसे शहर में बड़ी संख्या में ऐसे परिवार भी रहते हैं जिनके सदस्य विभिन्न स्थानों पर कार्यरत हैं। ऐसे में वरिष्ठ नागरिकों की सुरक्षा और सहायता को लेकर पुलिस की यह पहल सामाजिक दृष्टि से भी महत्वपूर्ण है। कनखल पुलिस ने वरिष्ठ नागरिकों को भरोसा दिलाया कि आवश्यकता पड़ने पर वे पुलिस से संपर्क कर सकते हैं। पुलिस की ओर से बुजुर्गों को यह संदेश भी दिया जा रहा है कि किसी भी परेशानी को छिपाने के बजाय समय रहते संबंधित पुलिसकर्मियों को जानकारी दें।
थाना स्तर पर तैयार रिकॉर्ड और नियमित संपर्क व्यवस्था से पुलिस को जरूरतमंद वरिष्ठ नागरिकों तक पहुंचने में सुविधा होगी। साथ ही स्थानीय पुलिस को क्षेत्र में रहने वाले बुजुर्गों की स्थिति की जानकारी भी बनी रहेगी। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि वरिष्ठ नागरिकों की सुरक्षा और सम्मान समाज की सामूहिक जिम्मेदारी है। पुलिस अपने स्तर से उनके लिए आवश्यक सहयोग उपलब्ध कराने के लिए प्रयासरत है।
हरिद्वार पुलिस की पहल को मिली सराहना
कनखल क्षेत्र में अकेले रह रहे वरिष्ठ नागरिकों के घर पहुंचकर उनकी कुशलक्षेम पूछने की हरिद्वार पुलिस की पहल को बुजुर्गों ने सराहा है। पुलिस की इस पहल से वरिष्ठ नागरिकों में सुरक्षा और भरोसे की भावना मजबूत होने की उम्मीद है। एसएसपी हरिद्वार के निर्देशों के बाद थाना स्तर पर वरिष्ठ नागरिकों की जानकारी जुटाने और उनकी कुशलक्षेम पर नजर रखने की व्यवस्था की जा रही है। पुलिस का प्रयास है कि किसी भी बुजुर्ग को आवश्यकता के समय सहायता के लिए अकेला न रहना पड़े।
हरिद्वार पुलिस ने स्पष्ट किया है कि वरिष्ठ नागरिकों की सुरक्षा और सहायता के लिए पुलिस आगे भी इसी तरह संपर्क बनाए रखने का प्रयास करेगी। कनखल क्षेत्र में शुरू किया गया यह अभियान पुलिस की सामुदायिक जिम्मेदारी और वरिष्ठ नागरिकों के प्रति संवेदनशीलता को दर्शाता है।
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